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स्पेशल रिपोर्ट: ट्रम्प के दौरे में नासाम्स मिसाइल समझौता मुमकिन

पीएम मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप
फाइल फोटो

नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के आगामी भारत दौरे में कुछ अहम रक्षा समझौतो का ऐलान हो सकता है। इसमें एंटी मिसाइल प्रणाली नासाम्स-2 और नौसैनिक हेलीकॉप्टर एम एच- 60 शामिल है । ये सौदे पांच से छह अरब डॉलर के हो सकते हैं।





यहां आला सरकारी सूत्रों ने 24 से 25 फरबरी को होने वाले राष्ट्रपति ट्रम्प के भारत दौरे की जानकारी देते हुए बताया कि दोनों देशों के बीच व्यापार समझौते पर जल्दबाजी में दस्तखत नहीं किये जाएंगे। इस बारे में समग्रता में दोनों पक्षों के बीच बातचीत हो रही है। सूत्रों ने कहा कि रक्षा क्षेत्र में कई सौदों पर बातचीत हो रही है। सामरिक मसलों पर आपसी सहयोग को गहरा करने के लिये दोनों देशों के बीच पहले से ही टू प्लस टू वार्ता चल रही है।

डोनाल्ड ट्रम्प अमेरिका के पहले राष्ट्रपति होंगे जो अकेले भारत के दौरे पर आ रहे हैं।

दोनों देशों के बीच आर्थिक और सामरिक मसलों पर आपसी रिश्तों को गहरा करने के लिये चल रही बातचीत पर एक समग्र बयान जारी होगा। इसमें हिंद प्रशांत इलाके से लेकर अफगानिस्तान और अन्य क्षेत्रीय मसलों पर दोनों देशों की साझा राय दिखेगी।

गौरतलब है कि भारत को नासाम्स मिसाइल रक्षा प्रणाली की सप्लाई करने के लिये अमेरिकी अधिकारियों से बातचीत चल रही है। इस मिसाइल प्रणाली को अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन की रक्षा के लिये तैनात किया गया है। अमेरिकी कांग्रेस ने भारत के अनुरोध को स्वीकार करने का पत्र पहले ही जारी कर दिया है।

नासाम्स-2 प्रणाली के बारे में पूछे जाने पर यहां सरकारी सूत्र ने कहा कि इस मिसाइल की खरीद के लिये सौदेबाजी काफी आगे बढ़ चुकी है।

राष्ट्रपति ट्रम्प 24 फरबरी को सीधे अहमदाबाद पहुंचेंगे जहां वे रोड शो में हवाई अड्डे से मोटेरा स्टेडियम पहुंचेंगे जहां उनके सम्मान में नमस्ते ट्रम्प अभिनिंदन समारोह का आयोजन किया जाएगा। इस समारोह को राष्ट्रपति ट्रम्प और प्रधानमंत्री मोदी सम्बोधित करेंगे। राष्ट्रपति ट्रम्प अहमदाबाद से सीधे आगरा पहुंचेंगे जहां वह शाम को ताजमहल के दीदार करेंगे। आगरा से राष्ट्रपति ट्रम्प नई दिल्ली पहुंचेंगे।

अमेरिका के साथ व्यापारिक औऱ सामरिक रिश्तों की अहमियत बताते हुए सरकारी सूत्रों ने बताया कि दोनों देशों के बीच 160 अरब डालर का सालाना व्यापार पिछले साल हुआ। इसमें अमेरिकी खनिज तेल की भारत को सप्लाई की बड़ी भागीदारी है। सूत्रों के मुताबिक हम व्यापार के क्षेत्र में दोनों देशों के ले लाभजनक समझौता करना चाहते हैं। सूत्र ने कहा कि राष्ट्रपति ट्रम्प और प्रधानमंत्री मोदी के बीच बातचीत में क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मसलों पर विचारों का आदान प्रदान होगा।

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