DEFENCE

स्पेशल रिपोर्ट: अचानक लद्दाख पहुंचे प्रधानमंत्री मोदी

प्रधानमंत्री मोदी लेह में
फोटो सौजन्य- ट्वीटर

नई दिल्ली। पूर्वी लद्दाख के सीमांत इलाकों में चीन के साथ चल रही सैन्य तनातनी के बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को अचानक लद्दाख के अग्रिम इलाकों का दौरा किया। वह लद्दाख के नीमु स्थित थलसेना के ब्रिगेड मुख्यालय में सैनिकों से मिले।





गत 15 जून को गलवान घाटी में हुई खूनी झड़प के बाद प्रधानमंत्री का लद्दाख का दौरा चीन के लिये एक बहुत बड़ा संदेश है। प्रधानंमत्री मोदी द्वारा लद्दाख के अग्रिम इलाकों का दौरा भारतीय सैनिकों का मनोबल बढाएगा। गौरतलब है कि चीन की सेना ने पूर्वी लद्दाख की गलवान घाटी, पैंगोंग झील, देपसांग घाटी, हाट स्प्रिंग के इलाकों में अतिक्रमण किया हुआ है। चीनी सेना को पीछे हटाने के मसले पर भारतीय और चीनी सैन्य कमांडरों के बीच तीन दौर की बातचीत हो चुकी है लेकिन इसका कोई जमीनी नतीजा नहीं दिखा है।

सैनिक कमांडरों के अलावा दोनों देशों के राजनयिकों के बीच भी संयुक्त सचिव स्तर की बातचीत हो चुकी है। इन बातचीत के बाद दोनों पक्षों में कोई ठोस सहमति विकसित होते नहीं नजर आई है। इन वार्ताओं के बावजूद चीनी सेना अपने इलाके में सैन्य जमावडा बढ़ाती जा रही है। जवाब में भारतीय सेना ने भी भारी जवाबी तैनाती की है जिससे दोनों देशों के सैनिक अपनी शस्त्र प्रणालियों के साथ आमने सामने हो गए हैं। इस वजह से दोनों सेनाओं के बीच कभी भी युद्द छिड़ने की शंका जाहिर की जा रही है।

प्रधानमंत्री मोदी के साथ तीनों सेनाओं के प्रधान सेनापति जनरल बिपिन रावत औऱ थलसेना प्रमुख जनरल एम नरवाणे भी लद्दाख के दौरे पर गए हैं। गौरतलब है कि पहले इस आशय़ की रिपोर्ट थी कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह लद्दाख के सीमांत इलाकों का दौरा करेंगे।

Comments

Most Popular

To Top