CISF

CISF की सभी यूनिटों में गठित होंगी अवकाश समितियां

ओपी-सिंह

नई दिल्ली। केन्द्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ-CISF) के महानिदेशक (DG) ओपी सिंह पिछले दो महीने में 5 जवानों द्वारा आत्महत्या किए जाने को गंभीर मानते हैं। वह कहते हैं कि जवानों की समस्याओं को हल करने के सभी प्रयास किए जा रहे हैं। हालांकि उनका मानना है कि 50% घटनाओं के पीछे निजी कारण हैं।





श्री सिंह के अनुसार CISF अपनी सभी यूनिटों में अवकाश समितियां गठित कर रहा है ताकि जवानों को छुट्टी से सम्बंधित दिक्कतों का सामना न करना पड़े। एक समिति दिल्ली मेट्रो के लिए है। वह इसे एक अच्छा कदम बताते हैं। हालांकि, वह कहते हैं कि यह कदम बहुत पहले उठाया जाना चाहिए था।

वह कहते हैं कि नई तकनीक, जटिल असलहे और उच्च श्रेणी की ट्रेनिंग महत्वपूर्ण है लेकिन फ़ोर्स की मानसिक और शारीरिक फिटनेस भी उतनी ही जरूरी है। उन्होंने कहा कि हमारे सुरक्षा बलों में समन्वित सलाह (Counselling) और दबाव मुक्त करने वाली अन्य तकनीकों का समावेश होना चाहिए। अवकाश प्रबंधन, अधिकारी-जवान अनुपात में संतुलन और अधिकारियों और जवानों के बीच बेहतर रिश्ते के प्रति भी ध्यान देने की जरूरत है। इसके अलावा जूनियर के साथ नौकरों जैसा बर्ताव बिल्कुल बंद होना चाहिए।

बता दें कि 5 जनवरी को CISF के सब इन्स्पेक्टर ने अपनी सर्विस रिवाल्वर से दिल्ली मेट्रो स्टेशन पर खुद को गोली मार ली थी। 16 जनवरी को CISF के एक कांस्टेबल ने बेंगलुरु में केम्पेगौड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर ड्यूटी के दौरान अपनी सर्विस रायफल से खुद को उड़ा लिया था। दो दिन बाद हैदराबाद में एक प्रशिक्षु सब इन्स्पेक्टर ने खुदकुशी कर ली थी। 9 फरवरी को एक जवान ने ओखला में जान दे दी थी और दो हफ्ते बाद 23 साल के CISF अधिकारी ने पुणे एयरपोर्ट पर जान दे दी थी। शुरुआती जांच में यह पता नहीं चल पाया कि आत्महत्या के पीछे वजह निजी कारण है या काम का दबाव।

Comments

Most Popular

To Top