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स्पेशल रिपोर्ट: कश्मीर भारत का अंदरुनी मामला- रूस

राजदूत कुदाशेव
सौजन्य- गूगल

नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद-370 को निरस्त किये जाने के भारत  सरकार के फैसले को  रूस ने भारत का  अंदरूनी मामला और भारतीय संविधान के दायरे में बताया है। रूस ने यह भी साफ किया है कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में  पाकिस्तान के कहने पर चीन ने जब यह मसला उठाया था तब भी रूस ने अपना चिरपरिचित रवैया बताया था कि जम्मू-कश्मीर में भारत ने जो कार्रवाई की है वह  भारत का अंदरूनी मामला औऱ भारतीय संविधान के तहत ही है।





 4-5 सितम्बर को रूस के ब्लादिवोस्तक में राष्ट्रपति  ब्लादीमिर पुतिन और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की 20 वीं शिखर बैठक की जानकारी देते हुए रूसी राजदूत ने कहा कि जम्मू कश्मीर मसले पर किसी भी विवाद को भारत औऱ पाकिस्तान आपसी बातचीत से शिमला समझौता और लाहौर घोषणापत्र के दायरे में ही हल करे । राजदूत ने यह भी साफ किया कि इस मसले पर भारत औऱ पाकिस्तान के बीच विवाद के हल  में रूस की कोई भूमिका वह नहीं देखते हैं।

राजदूत कुदाशेव ने कहा कि   प्रधानमंत्री मोदी जब ब्लादीवोस्तक का दौरा करेंगे तब वह वहां हो रहे  पांचवे ईस्टर्न इकोनामिक फोरम में मुख्य अतिथि के तौर पर भी शिरकत करेंगे। राजदूत ने कहा कि पुतिन-मोदी की 20 वीं शिखर बैठक पहले की बैठकों की तुलना में अनोखी होगी। पुतिन और मोदी  की आपस में अद्भुत निजी दोस्ती  है और दोनों के बीच एक  केमिस्ट्री स्थापित हो चुकी है। इस साल दोनो  नेता अब तक दो बार मिल चुके हैं। पहली बार शांघाई सहयोग संगठन की शिखर बैठक के दौरान औऱ दूसरी बार ओसाका में जी-20 शिखर बैठक के दौरान दोनों मिल चुके हैं।

 राजदूत ने कहा कि ब्लादिवोस्तक  में भारत और रूस के नेताओं की बैठक से रूस औऱ भारत के बीच  विशेष और विशिष्ट साझेदारी के रिश्तों में एक नया अध्याय जुड़ेगा। कुदाशेव ने बताया कि  रूस की  प्रशांत राजधानी के नाम से विख्यात ब्लादिवोस्तक शहर में भारत रूस आपसी   लाभजनक रिश्तों को आगे बढ़ाने में ठोस जमीन तैयार करेंगे।

 दोनों देश ब्लादिवोस्तक औऱ चेन्नै के बीच एक समुद्री मार्ग परिवहन गलियारा  विकसित  करने पर  काम कर रहे हैं जिसके बनने से भारत और रूस के बीच आपसी आर्थिक व व्यापारिक रिश्तों को नया आयाम मिलेगा।  ईस्टर्न इकॉनोमिक फोरम के जरिये आपसी व्यापार को भारी बढ़ावा मिलेगा। दोनों देशों ने साल  2025 तक भारत और रूस के बीच 30 अऱब डालर के आपसी व्यापार का लक्षय तय किया  है।

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