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बच्चों को हंसाता है ये पूर्व नेवी अफसर

प्रवीन तुलपुले

वो दर्द से कराहते बच्चों के चेहरे पर मुस्कान बिखेरता है, बच्चे उसके अटपटे सवालों पर खूब खिल-खिलाते हैं। वह उनके जीवन..

मुंबई। वो दर्द से कराहते बच्चों के चेहरे पर मुस्कान बिखेरता है, बच्चे उसके अटपटे सवालों पर खूब खिल-खिलाते हैं। वह उनके जीवन में खुशियों के कुछ और पल जोड़ देता है। वह जोकर बनकर अस्पतालों में जाते हैं और कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों से जूझ रहे बच्चों से मिलते हैं। जी हाँ, इनका नाम है प्रवीन तुलपुले। वह 17 सालों तक भारतीय नौसेना में अपनी सेवाएं दे चुके हैं, लेकिन वह जो कार्य कर रहे हैं वह काबिले तारीफ है।





इंडियन नेवी में रह चुके हैं ऑफिसर

प्रवीन तुलपुले

1973 में शुरू किया था इस तरह लोगों को हंसाना

 

प्रवीन जोकर बनने से पहले 17 सालों तक इंडियन नेवी में अधिकारी पद पर भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। अपनी जॉब के बाद प्रवीन ने जो काम करने का फैसला किया, उसे करना बिल्कुल भी आसन नहीं था। 56 वर्षीय प्रवीन तुलपुले एक जोकर (क्लोन मेजिशियन) के रूप में कार्य करते हैं और मुफ्त में बच्चों को हंसाने का काम करते हैं। लोग उन्हें ‘क्लोन पिंटू बाबा’ और बच्चे उन्हें ‘हैप्पी अंकल’ भी कहकर बुलाते हैं। अब तक वह चार हजार से भी ज्यादा शो कर चुके हैं।

ये हैं पिंटू बाबा ‘Happy Fooling you’

प्रवीन तुलपुले

मुफ्त में बच्चों को हंसाते हैं प्रवीन

 

1973 में प्रवीन ने अपने घर से ही शौक के तौर पर जादू दिखाना शुरू किया था, फिर उन्होंने जादू से सम्बंधित कई किताबें खरीदीं और जादू सीखा। अपने एक चेचेरे भाई की सहायता से अपने परिवार के सामने पहला शो किया। अपनी नौकरी के दौरान भी वह स्कूल व कॉलेजों में शो करते थे और हर बच्चे से 25 पैसा फीस लेते थे। 1995 में उन्होंने ‘मुंबई मैजिक सोसायटी’ को ज्वाइन किया और नए जादू सीखे, और पिंटू बाबा ‘Happy Fooling You’के नाम से जोकर के रूप में मुफ्त जादू दिखाकर हंसाने लगे।

अस्पतालों, बस्तियों व अनाथालयों में बच्चों के लिए करते हैं परफॉर्म

प्रवीन तुलपुले

नौसेना के पूर्व ऑफिसर जिसने बच्चों को हंसाने का उठाया बीड़ा (फाइल फोटो)

उनके 70 प्रतिशत दर्शक बच्चे होते हैं। प्रवीन ऐसे बच्चों के लिए अपनी परफोर्मेंस देते हैं, जो बीमारी के दर्द से जूझ रहे हैं असहाय और गरीब हैं। वह जोकर के गेट अप में विभिन्न अस्पतालों, बस्तियों और अनाथालयों में जाते हैं और बच्चों को जोकर के रूप में जादू दिखाकर बच्चों का मनोरंजन करते हैं, उनके चेहरे पर मुस्कान लाते हैं। प्रवीण बताते हैं कि एक बार एक बच्चे ने ICU से भी उनका कार्यक्रम देखा था।

‘खुशियां देने के लिए पैसे की जरूरत नहीं : तुलपुले

प्रवीन तुलपुले

प्रवीन के बच्चे श्रुति और मल्हार भी उन्हीं की तरह जादू दिखाने में माहिर हैं

साल 2000 में एक बार प्रवीण ने जिन बच्चों से समूह के लिए परफॉर्म किया था, उनमें से एक बच्चे की मौत हो गई जिसके बाद उन्होंने अपना पूरा ध्यान और मन इन बच्चों के लिए समर्पित कर दिया। वे कहते हैं ‘खुशियां देने के लिए आपके पास पैसा नहीं समय होना चाहिए।’ प्रवीन के बच्चे श्रुति और मल्हार भी उन्हीं की तरह जादू दिखाने में माहिर हैं। बजाज बी द्वारा चलाई जा रही सीरीज ‘बजाज इनविंसिवल इंडियंस’ में प्रवीण तुलपुले की कहानी को शामिल किया गया है।

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